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चंडीगढ़ 12 Feb : हरचरण सिंह, पहले पगड़ी वाले सिख जिन्होंने पाकिस्तान की सेना में जगह बनाकर इतिहास रचा, अब लेफ्टिनेंट कर्नल के रैंक से सम्मानित होने वाले पहले सिख बन गए हैं। उनका जन्म 1987 में गुरु नानक के जन्मस्थान ननकाना साहिब में हुआ था। 2007 में केवल 20 साल की उम्र में कैप्टन के तौर पर पाकिस्तानी आर्मी में शामिल हुए सिंह ने शुरू में ऑर्डनेंस कोर में काम किया और बाद में कॉम्बैट रोल के लिए बलूच रेजिमेंट की 12वीं बटालियन में तैनात किए गए। मेजर के रैंक पर रहते हुए उन्होंने मुश्किल ऑपरेशनल और बॉर्डर एरिया में सेवा की। 2025 के अंत में कड़े सिलेक्शन बोर्ड के बाद उन्हें लेफ्टिनेंट कर्नल के पद पर प्रमोट किया गया। पाकिस्तान पंजाब के माइनॉरिटीज़ अफेयर्स मिनिस्टर रमेश सिंह अरोड़ा ने कहा, “लेफ्टिनेंट कर्नल सिंह की कामयाबी साबित करती है कि पाकिस्तान में माइनॉरिटी के लिए कोई रुकावट नहीं है। केवल टैलेंट और कड़ी मेहनत ही सफलता तय करती है।” पाकिस्तान सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के पूर्व प्रेसिडेंट मस्तान सिंह ने कहा, “हरचरण सिंह बाबा नानक के शहर और पूरी सिख कम्युनिटी की शान हैं।” वर्तमान में लेफ्टिनेंट कर्नल सिंह पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा के एबटाबाद में तैनात हैं और उनका यह इतिहास माइनॉरिटीज़ के लिए प्रेरणा का स्रोत बन गया है।