अजीत झा.
चंडीगढ़ 20 Feb । स्नैचिंग के वर्ष 2024 के एक मामले में घोषित भगोड़े आरोपी को गिरफ्तार कर पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल की है। कार्रवाई यूटी चंडीगढ़ की एसएसपी कंवरदीप कौर के निर्देश पर की गई। इस अभियान की निगरानी एसपी सिटी के.एम प्रियंका, एसडीपीओ नॉर्थ-ईस्ट विजय सिंह , मौलीजागरां थाना प्रभारी हरिओम शर्मा, पुलिस स्टेशन पुलिस स्टेशन मौलीजागरां द्वारा की गई।थाना मौलीजागरां की टीम, एएसआई रमेश कुमार के नेतृत्व में, गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए घोषित अपराधी को गिरफ्तार करने में सफल रही।
यह मामला एफआईआर नंबर 13, दिनांक 18.02.2024 के तहत धारा 379-ए, 34 आईपीसी एवं बाद में जोड़ी गई धारा 411 आईपीसी के अंतर्गत दर्ज किया गया था।
मौलीजागरां सुन्दर नगर निवासी शिकायतकर्ता राम अवध ने बताया था कि 18 फरवरी 2024 को वह राजपुरा (पंजाब) से काम कर घर लौट रहे थे। जब वह सुखना चौ ब्रिज से हल्लोमाजरा लाइट प्वाइंट की ओर पहुंचे, तभी दो युवकों ने उनका मोबाइल फोन (सैमसंग गैलेक्सी J2 प्रो ) और 5000 रुपये नकद व आधार कार्ड छीन लिया और फरार हो गए।
जांच के दौरान 24 फरवरी 2024 को आरोपी राहुल सैनी उर्फ चेला और रॉबिन कुमार को गिरफ्तार किया गया था। रॉबिन के कब्जे से स्नैच किया गया मोबाइल बरामद हुआ, जबकि राहुल से 1300 रुपये नकद और आधार कार्ड बरामद किया गया। दोनों को अदालत में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेजा गया था।
जमानत के बाद फरार, कोर्ट ने घोषित किया भगोड़ा
मामले की विस्तृत जांच के बाद 23 अप्रैल 2024 को चालान पेश किया गया। ट्रायल के दौरान आरोपी रॉबिन को 6 अगस्त 2024 को पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट से जमानत मिल गई थी।लेकिन बाद में वह अदालत में पेश नहीं हुआ, जिस पर माननीय अदालत एएसजे अश्वनी कुमार ने 13 जनवरी 2026 को उसे घोषित अपराधी करार दे दिया।
19 फरवरी 2026 को गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने आरोपी रॉबिन को गुरुद्वारा रायपुर कलां के पास से गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को अदालत में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।पुलिस के अनुसार मामले की आगे की जांच जारी है।