जगरांव/यूटर्न/21/मार्च।
लुधियाना देहाती पुलिस द्वारा साझा की गई दैनिक क्राइम रिपोर्ट से प्राप्त जानकारी के अनुसार, इलाके में नशा विरोधी अभियान के तहत पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। देहाती पुलिस के अंतर्गत आते थाना जोधां, दाखा, सदर जगरांव, हठूर और सिटी रायकोट की पुलिस टीमों ने गश्त और चेकिंग के दौरान 5 आरोपियों को नशीली गोलियों के साथ गिरफ्तार किया है।
प्राप्त रिपोर्ट के अनुसार इन मामलों का विवरण इस प्रकार है:
पुलिस चौकी छपार (थाना जोधां): चौकी प्रभारी एएसआई जसपाल सिंह की टीम रछीन रोड छपार के पास मौजूद थी। इस दौरान गांव छपार की ओर से पैदल आ रहे मनजीत सिंह उर्फ सोनी को शक के आधार पर रोका गया। पुलिस को देखकर उसने भागने की कोशिश की। तलाशी लेने पर उसकी पैंट की जेब से एक पारदर्शी लिफाफे में 40 खुली नशीली गोलियां बरामद हुईं।
थाना दाखा: एएसआई इंद्रजीत सिंह की पुलिस पार्टी जब दाना मंडी पुड़ैण के पास गश्त कर रही थी, तब सामने से आ रहे एक युवक ने पुलिस को देखकर घबराहट में अपनी जेब से एक लिफाफा पेड़ की जड़ों में फेंक दिया। पुलिस ने मुस्तैदी से सोनू सिंह निवासी तलवंडी नौ आबाद को काबू कर फेंके गए लिफाफे की जांच की, जिसमें से 40 नशीली गोलियां (20 लोमोटिल और 20 ट्रामाडोल) बरामद की गईं।
पुलिस चौकी चौकीमान (थाना सदर जगराओं): कासो (CASO) ऑपरेशन के तहत चौकी प्रभारी एएसआई आत्मा सिंह को गुप्त सूचना मिली थी कि नशा बेचने का आदी वीरपाल सिंह उर्फ लौंगा निवासी हांस कलां, नहर पुल कुलार साइड की तरफ आ रहा है। पुलिस ने तुरंत नाकाबंदी कर उक्त आरोपी को 24 नशीली गोलियों सहित गिरफ्तार कर लिया।
थाना हठूर: थाना प्रभारी इंस्पेक्टर कुलदीप कुमार के नेतृत्व में पुलिस पार्टी दाना मंडी हठूर में संदिग्ध लोगों की चेकिंग कर रही थी। इस दौरान शेड के नीचे खड़े एक युवक ने पुलिस की गाड़ी देखकर भागने की कोशिश की। पुलिस ने गुरविंदर सिंह उर्फ काली निवासी गांव चकर को काबू किया, जिसके पास से 20 नशीली गोलियां (ट्रामाडोल) बरामद हुईं।
थाना सिटी रायकोट: एएसआई कुलदीप सिंह की टीम को बस स्टैंड रायकोट पर गुप्त सूचना मिली थी कि अमनदीप सिंह उर्फ बांगड़ू निवासी मोहल्ला गुरुनानकपुरा दाना मंडी रायकोट में ग्राहकों को नशीली गोलियां सप्लाई कर रहा है। पुलिस ने तुरंत रेड कर आरोपी को 15 नशीली गोलियों के साथ गिरफ्तार कर लिया।
क्राइम रिपोर्ट के अनुसार, पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस (NDPS) एक्ट के तहत संबंधित थानों में मामले दर्ज कर लिए हैं। पुलिस द्वारा आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है ताकि नशे की सप्लाई चेन के मुख्य स्रोतों का पता लगाया जा सके।