Uturn Time
Breaking
Mohali: Sohana में 18 दिन का गुरमत-गतका कैंप, सिख विरासत से जुड़ रहे युवा Gurugram: अवैध लिंग जांच पर सख्ती, गुरुग्राम स्वास्थ्य विभाग ने यूपी में गिरोह दबोचा Kaithal: ‘प्यारी बेटी’ मुहिम से बेटियों को मिलेगी नई पहचान और प्रेरणा: सीईओ सुरेश राविश New Delhi: जीडीपी आंकड़ों में सुधार, भारत की अर्थव्यवस्था 7.7% की दर से बढ़ने की उम्मीद Hushiarpur: होशियारपुर फोटोग्राफर एसोसिएशन की अहम बैठक हुई Mumbai: शेख फाउंडेशन की ओर से ईद-उल-अजहा डिनर दावत का भव्य आयोजन, मुंबई की नामचीन हस्तियों ने की शिरकत Hushiarpur: देश में ED और CBI जैसी एजेंसियों का राजनीतिकरण किया जा रहा है: प्रणव कृपाल Hushiarpur: ज़िला नशा मुक्ति पुनर्वास केंद्र हुशियारपुर में विश्व पर्यावरण दिवस मनाया गया Hoshiarpur: बीबीएमबी तलवाड़ा में विश्व पर्यावरण दिवस मनाया गया Kalayat: कलायत के मनखुश ने JEE Advanced में गाड़े सफलता के झंडे, हासिल किया ऑल इंडिया 1000वां रैंक नौकरी के लिए धरना दे रहे लोगों पर लाठीचार्ज, 10 हिरासत में लिए Kurukshetra: भारत की सांस्कृतिक शक्ति का प्रमाण व सनातन संस्कृति का वह अनमोल उपहार है योग: नायब सिंह सैनी
Logo
Uturn Time
चंडीगढ़/ यूटर्न/20 मार्च।महिला सुरक्षा को लेकर पुलिस अधिकारियों की दक्षता बढ़ाने के उद्देश्य से चंडीगढ़ पुलिस द्वारा सेक्टर-26 स्थित रिक्रूट ट्रेनिंग सेंटर में पांच दिवसीय वर्कशॉप का आयोजन किया गया। “नारी सुरक्षा पर जांच अधिकारी” विषय पर आधारित यह प्रशिक्षण कार्यक्रम 16 मार्च से 20 मार्च 2026 तक आयोजित किया गया। यह वर्कशॉप ब्यूरो ऑफ़ पुलिस रिसर्च एंड डेवलपमेंट (BPR&D) के मार्गदर्शन में एसपी/हेडक्वार्टर एंड ट्रेनिंग मनजीत के नेतृत्व और डीएसपी/ट्रेनिंग अमराव सिंह की निगरानी में संपन्न हुई। प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को महिला सुरक्षा से जुड़े विभिन्न महत्वपूर्ण पहलुओं पर जागरूक किया गया। इसमें साइबर क्राइम की जांच में ओपन-सोर्स टूल्स का उपयोग, सोशल मीडिया पर होने वाले अपराध, ऑनलाइन दुरुपयोग, साइबर पोर्नोग्राफी, आपत्तिजनक कंटेंट को ब्लॉक और हटाने की प्रक्रिया जैसी जानकारियां दी गईं। इसके अलावा पोकसो Act और जुवनाइल जस्टिस एक्ट का अवलोकन, फॉरेंसिक साइंस की भूमिका, महिलाओं और बच्चों के खिलाफ अपराधों की जांच, मानव तस्करी, और पीड़ितों के परीक्षण से संबंधित प्रक्रियाओं पर भी विस्तार से प्रशिक्षण दिया गया। प्रतिभागियों को संबंधित कानूनों में हुए नवीनतम संशोधनों, अधिकतम दोषसिद्धि सुनिश्चित करने के लिए जांच प्रक्रिया, लापता महिलाओं और बच्चों के मामलों में मानक संचालन प्रक्रिया (SOPs), तथा नेशनल ह्यूमन राइट्स कमीशन और मिनिस्ट्री ऑफ़ होम अफेयर्स द्वारा जारी दिशा-निर्देशों की भी जानकारी दी गई। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में चंडीगढ़ पुलिस की महिला अधिकारी, जिनमें असिस्टेंट सब-इंस्पेक्टर और सब-इंस्पेक्टर रैंक की अधिकारी शामिल थीं, ने भाग लिया और इंटरैक्टिव सत्रों में सक्रिय रूप से सहभागिता की।