लुधियाना के किचलू नगर में सड़क धंसने की दूसरी घटना ने उठाए बड़े सवाल, लोगों का आरोप- अधिकारी एक-दूसरे को बचाने में व्यस्त, जनता भुगत रही कीमत*
लुधियाना 06 August । शहर के पॉश इलाके किचलू नगर में सड़क धंसने की दूसरी घटना ने नगर निगम की कार्यप्रणाली और निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। रोड डॉक्टर धामी के नजदीक गुरुवार सुबह सड़क किनारे खड़ा ईंटों से भरा ट्रक अचानक सड़क धंसने से आधा जमीन में समा गया। गनीमत रही कि हादसे के समय ट्रक खड़ा था, अन्यथा बड़ा जानलेवा हादसा हो सकता था।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यह कोई पहली घटना नहीं है। इसी सड़क पर करीब 20 दिन पहले होटल ऑन (Hotel Onn) के बाहर भी सड़क धंस गई थी। उस हिस्से की आज तक स्थायी मरम्मत नहीं हुई और अब उसी सड़क पर दूसरी जगह फिर धंसाव हो गया है। लगातार सामने आ रही घटनाओं ने सड़क निर्माण और भूमिगत सीवरेज नेटवर्क की गुणवत्ता पर सवालिया निशान लगा दिए हैं।
'मोसेरे भाई' बनकर बचा रहे एक-दूसरे को : स्थानीय लोग
इलाके के लोगों ने नगर निगम के अधिकारियों पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि अधिकांश अधिकारी एक-दूसरे के "मोसेरे भाई" बनकर काम कर रहे हैं। उनका कहना है कि जब भ्रष्टाचार के मामलों में अधिकारी एक-दूसरे के खिलाफ कार्रवाई करने की बजाय एक-दूसरे को बचाने में लगे हों, तब कुदरत खुद ऐसे हादसों के जरिए भ्रष्टाचार के सबूत सामने ला रही है।
निवासियों का कहना है कि यदि निर्माण कार्यों की समय-समय पर निष्पक्ष जांच होती और घटिया निर्माण करने वाले ठेकेदारों पर कार्रवाई होती तो बार-बार सड़कें नहीं धंसतीं।
20 दिन से नहीं हुई मरम्मत, अब दूसरी जगह भी धंसी सड़क
स्थानीय दुकानदारों के अनुसार होटल ऑन के सामने धंसी सड़क को लेकर कई बार नगर निगम को शिकायत दी गई, लेकिन आज तक स्थायी समाधान नहीं किया गया। अब दूसरी जगह सड़क धंसने से लोगों का निगम पर भरोसा और कम हो गया है। व्यापारियों का कहना है कि सड़क की खराब हालत के कारण ग्राहक आने से बच रहे हैं, जिससे कारोबार प्रभावित हो रहा है।
भूमिगत निर्माण पर उठे सवाल
लोगों का मानना है कि यदि एक ही सड़क पर कुछ दिनों के अंतराल में दो जगह धंसाव हो रहा है तो यह केवल सतही खराबी नहीं, बल्कि भूमिगत निर्माण, सीवरेज लाइन, बैकफिलिंग और सड़क निर्माण की गुणवत्ता में गंभीर खामियों की ओर इशारा करता है। विशेषज्ञों की स्वतंत्र जांच कराई जानी चाहिए ताकि वास्तविक कारण सामने आ सके।
जिम्मेदारी तय करने की मांग
इलाका वासियों ने मांग की है कि पूरे क्षेत्र की तकनीकी जांच किसी स्वतंत्र एजेंसी से कराई जाए। साथ ही जिस सड़क का निर्माण हुआ, उसकी गुणवत्ता, इस्तेमाल की गई सामग्री, संबंधित ठेकेदार, निगरानी करने वाले अधिकारियों और भुगतान प्रक्रिया की भी जांच की जाए। यदि किसी स्तर पर लापरवाही या अनियमितता सामने आती है तो संबंधित अधिकारियों और ठेकेदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
गनीमत रही, टला बड़ा हादसा
जिस समय सड़क धंसी, ट्रक सड़क किनारे खड़ा था। यदि उसी दौरान कोई भारी वाहन, स्कूल बस या दोपहिया चालक वहां से गुजर रहा होता तो बड़ा हादसा हो सकता था। घटना के बाद लोगों ने प्रशासन से पूरे क्षेत्र की तत्काल सुरक्षा जांच कराने और कमजोर हिस्सों की पहचान कर मरम्मत करने की मांग की है।